अगर आप नौकरी बदलते हैं तो आपके PF (Provident Fund) का बैलेंस अलग-अलग खातों में बँट जाता है। कई बार ऐसा होता है कि पुराने नियोक्ता का PF अकाउंट वहीं रह जाता है और नया नियोक्ता एक नया PF खाता खोल देता है।

ऐसे में आपके पास दो या अधिक PF खाते हो सकते हैं। इस स्थिति में सबसे बेहतर तरीका है कि पुराने PF को नए PF अकाउंट में ट्रांसफर कर दिया जाए। इससे आपका सारा बैलेंस एक ही जगह जुड़ा रहेगा, ब्याज भी लगातार मिलता रहेगा और टैक्स या रिकॉर्ड से जुड़ी परेशानियाँ नहीं होंगी।
PF ट्रांसफर करने से ध्यान रखने योग्य बातें
सबसे पहले यह सुनिश्चित करें कि आपका UAN (Universal Account Number) सक्रिय हो और उससे जुड़ा मोबाइल नंबर आपके पास हो। इस मोबाइल नंबर पर ही OTP आएगा। इसके अलावा आपका आधार नंबर, बैंक अकाउंट और IFSC कोड जैसी KYC डिटेल्स EPFO पोर्टल पर अपडेट और वेरिफाई होना ज़रूरी है।
पुराने और नए दोनों नियोक्ता EPFO के सिस्टम में रजिस्टर्ड होने चाहिए और उनके पास डिजिटल सिग्नेचर होना चाहिए ताकि ट्रांसफर का अप्रूवल आसानी से हो सके। साथ ही यह भी देख लें कि आपकी जॉइनिंग और लीविंग डेट पोर्टल पर सही से अपडेट की गई हो।
ऑनलाइन PF ट्रांसफर की पूरी प्रक्रिया
ऑनलाइन PF ट्रांसफर करने के लिए सबसे पहले आपको EPFO Unified Member Portal पर लॉगिन करना होगा। लॉगिन करने के बाद “Online Services” सेक्शन में जाएँ और वहाँ “One Member – One EPF Account (Transfer Request)” विकल्प पर क्लिक करें।
अब सिस्टम यह चेक करेगा कि आप ट्रांसफर के लिए पात्र हैं या नहीं। पात्रता मिलने के बाद आप अपने पुराने और नए PF खातों की डिटेल्स भर सकते हैं। इसके लिए आपको पुराने Member ID या UAN नंबर डालने होंगे।
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इसके बाद आपको चुनना होता है कि ट्रांसफर अप्रूवल कौन-सा नियोक्ता करेगा – पुराना या नया। यह चुनाव इस आधार पर करें कि किसके पास डिजिटल सिग्नेचर उपलब्ध है। जब आप नियोक्ता चुन लेते हैं, तो आपके मोबाइल पर एक OTP आएगा, जिसे डालकर आप आगे बढ़ेंगे। इसके बाद एक Form-13 तैयार होगा, जिसे ऑनलाइन सबमिट करना होता है। कभी-कभी नियोक्ता इसे ऑफलाइन भी साइन करने के लिए कह सकते हैं। फॉर्म सबमिट होते ही आपका रिक्वेस्ट EPFO को भेज दिया जाता है।
स्टेटस और समय अवधि
रिक्वेस्ट डालने के बाद आप आसानी से EPFO पोर्टल पर जाकर “Track Claim Status” या “Transfer Claim Status” विकल्प से ट्रांसफर की स्थिति देख सकते हैं। सामान्यतः PF ट्रांसफर पूरा होने में कुछ दिन से लेकर एक-दो हफ्ते तक का समय लग सकता है। यह इस बात पर निर्भर करता है कि आपकी जानकारी कितनी अपडेट है और नियोक्ता या EPFO कितनी जल्दी अप्रूवल देते हैं।
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संभावित परेशानियाँ
अक्सर PF ट्रांसफर में दिक्कत तब आती है जब पुरानी नौकरी की “Exit Date” या नई नौकरी की “Joining Date” अपडेट नहीं होती। अगर नाम, जन्मतिथि या माता-पिता का नाम जैसी जानकारी में ग़लती हो तो भी रिक्वेस्ट रिजेक्ट हो सकता है। कई बार नियोक्ता के पास डिजिटल सिग्नेचर न होने की वजह से भी देरी होती है। अगर आपके मोबाइल नंबर में बदलाव हो गया है तो OTP नहीं मिलेगा, ऐसे में पहले UAN पोर्टल में नया मोबाइल नंबर अपडेट करना ज़रूरी है।